Janta 24X7 News

Jul 18, 2026 janta24x7news

NEET UG 2026 AIR-2 पंशुल बंसल की सफलता की कहानी, परीक्षा रद्द होने पर टूटे लेकिन नहीं मानी हार

NEET UG 2026 में ऑल इंडिया रैंक (AIR) 2 हासिल करने वाले दिल्ली के पंशुल बंसल ने बताया कि परीक्षा रद्द होने की खबर सुनकर वह करीब दो घंटे तक रोए थे। हालांकि, उन्होंने खुद को संभाला, दोबारा तैयारी की और पहले ही प्रयास में देशभर में दूसरी रैंक हासिल कर लाखों छात्रों के लिए प्रेरणा बन गए।

NEET UG 2026 AIR-2 पंशुल बंसल की सफलता की कहानी, परीक्षा रद्द होने पर टूटे लेकिन नहीं मानी हार
NEET UG 2026 में ऑल इंडिया रैंक (AIR) 2 हासिल करने वाले दिल्ली के छात्र पंशुल बंसल ने अपने संघर्ष, अनुशासन और आत्मविश्वास के दम पर लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणा पेश की है। पहले ही प्रयास में देशभर में दूसरी रैंक हासिल करने वाले पंशुल ने अपनी सफलता के पीछे की कहानी साझा करते हुए बताया कि परीक्षा रद्द होने की खबर उनके लिए बेहद भावनात्मक झटका थी, लेकिन उन्होंने हार मानने के बजाय खुद को संभाला और नई ऊर्जा के साथ दोबारा तैयारी शुरू की।

पंशुल बंसल ने बताया कि डॉक्टर बनने का सपना उन्होंने बचपन में ही देख लिया था। इसी लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए उन्होंने अपनी पढ़ाई की मजबूत नींव रखी। उनका मानना है कि किसी भी बड़ी प्रतियोगी परीक्षा में सफलता पाने के लिए बुनियादी अवधारणाओं (Basics) पर मजबूत पकड़ होना सबसे अधिक जरूरी है।

उन्होंने बताया कि आठवीं कक्षा से ही उन्होंने गणित और विज्ञान विषयों पर विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया था। दसवीं के बाद उन्होंने पूरी तरह NEET की तैयारी पर फोकस किया। बारहवीं बोर्ड परीक्षा की तैयारी के साथ-साथ उन्होंने मेडिकल प्रवेश परीक्षा के लिए भी लगातार अभ्यास जारी रखा।

पंशुल के अनुसार, तैयारी के दौरान सबसे कठिन समय तब आया जब NEET UG 2026 की पहली परीक्षा रद्द होने की सूचना मिली। उन्होंने बताया कि यह खबर उनके लिए बेहद निराशाजनक थी और वह करीब दो घंटे तक लगातार रोते रहे। उन्हें लगा कि कई महीनों की मेहनत बेकार हो गई। हालांकि, कुछ समय बाद उन्होंने खुद को मानसिक रूप से मजबूत किया और यह तय किया कि परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानेंगे। इसके बाद उन्होंने अपनी कमजोरियों का विश्लेषण किया और पहले से अधिक समर्पण के साथ दोबारा तैयारी शुरू कर दी।

अपनी सफलता का श्रेय पंशुल ने अपने परिवार, विशेष रूप से अपने पिता को दिया। उन्होंने कहा कि जब भी पढ़ाई के दौरान तनाव या आत्मविश्वास में कमी महसूस हुई, परिवार ने हर कदम पर उनका हौसला बढ़ाया। यही समर्थन कठिन समय में उनकी सबसे बड़ी ताकत बना।

परीक्षा के अनुभव को साझा करते हुए पंशुल ने बताया कि इस बार फिजिक्स का पेपर अपेक्षाकृत लंबा था, जिसके कारण कई छात्रों को समय प्रबंधन में कठिनाई हुई। लेकिन नियमित मॉक टेस्ट, लगातार अभ्यास और बेहतर टाइम मैनेजमेंट की वजह से उन्होंने पूरे प्रश्नपत्र को निर्धारित समय के भीतर हल कर लिया। उनका मानना है कि प्रतियोगी परीक्षाओं में केवल विषय का ज्ञान ही नहीं, बल्कि समय का सही प्रबंधन भी सफलता की कुंजी होता है।

पंशुल ने अन्य छात्रों को सलाह देते हुए कहा कि किसी भी परीक्षा की तैयारी के दौरान धैर्य, निरंतर मेहनत और सकारात्मक सोच बनाए रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि असफलता या कठिन परिस्थितियां सफलता की राह में रुकावट नहीं, बल्कि सीखने का अवसर होती हैं। यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत लगातार जारी रहे, तो सफलता निश्चित रूप से मिलती है।

पंशुल बंसल की यह सफलता इस बात का उदाहरण है कि कठिन परिस्थितियों के बावजूद यदि आत्मविश्वास और मेहनत बरकरार रखी जाए, तो बड़े से बड़ा लक्ष्य भी हासिल किया जा सकता है। उनकी कहानी आज लाखों NEET अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन चुकी है।
Author - Janta24x7news
Credit - Janta24x7news

Latest News

Janta24x7news
Janta24x7news May 18, 2026

Advertisement

Get In Touch

Office no 11, Bhopal House Lalbagh, Hazratganj, Lucknow 226001

+91 8114000370

info@janta24x7news.in

Follow Us

© Janta 24X7 News. All Rights Reserved. Powered by RBSC Associates